शुक्रवार, 25 जनवरी 2013
सोमवार, 14 जनवरी 2013
सियाचिन की बर्फीली पहाड़ियों पर सुरक्षा में तैनात बहादुर जांबाज़ सैनिकों को नमन --
सियाचिन की बर्फीली पहाड़ियों पर हमारे जांबाज़ सैनिक।
विश्व का सबसे ऊंचा युद्ध स्थल सदा बर्फ से ढका रहता है।
यहाँ दुश्मन के साथ साथ कडकडाती ठण्ड का भी सामना करना पड़ता है।
यही इनका बंगला है , यही महल।
हाथ से हाथ मिलाकर , बर्फ से ढकी ऊंची पहाड़ियों पर गश्त लगाना निश्चित ही बहुत जोखिम भरा काम है।
प्यास लगे तो प्राकृतिक बिसलेरी है।
इनके लिए रसद पहुँचाने का बस यही एकमात्र साधन है।
इनके साहस , ताकत और होंसले का कोई ज़वाब नहीं।
यह साइनबोर्ड याद दिलाता है कि आप कहाँ खड़े हैं।
वॉर मेमोरियल --शहीदों के सम्मान में।
देश के सम्मान और सरहद की सुरक्षा में अपना सर्वस्व न्यौछावर करने वाले इन रणबांकुरे बहादुर नौज़वानों को शत शत नमन।
शुक्रवार, 4 जनवरी 2013
गुरुवार, 27 दिसंबर 2012
गाना आए या न आए , गाना चाहिए ---
ऐसा नज़ारा और कहाँ मिलेगा देखने को !
अब तो समझ में आ ही गया कि पहले अंडा ही आया था।
आखिर ऑटो रिक्शा वाले के भी कुछ ज़ज्बात होते हैं !
यूज करें या न करें , यह तो आपकी मर्ज़ी है। हमारा काम तो समझाना था।
फोन नंबर तो है ही, मिलाकर देखिये तो।
वाह ! सही मायने में धर्म निरपेक्षता का उदाहरण ! अच्छा लगा।
न बाथरूम, न वाशरूम , न ही रेस्टरूम -- इसे कहते हैं हिंगलिश !
जल्दी कीजिये -- लगता है टी वी वालों को भी यह कहने की आदत इसे पढ़कर ही पड़ी होगी।
गुरुवार, 6 दिसंबर 2012
इक महल हो सपनों का ---
हजारों ख्वाहिशें ऐसी कि हर ख्वाहिश पर दम निकले
बहुत निकले मेरे अरमान फिर भी कम निकले।
जब तक सूरज चाँद रहेगा, तब तक मनुष्य के मन में अरमान रहेंगे। लेकिन सबके अरमान कहाँ पूरे हो पाते हैं . फिर भी कुछ हैं जो जिसे भी छूएं , वही सोना बन जाता है। आइये देखते हैं ऐसे ही लोगों के ठाठ बाठ।
यह कोई तरण तसतरी नहीं, बल्कि एक लग्ज़री नाव है जिसे अमीरों की भाषा में यौट कहते हैं।
बाहर से बिल्कुल टाइटेनिक जैसी लेकिन कोई खिड़की दरवाज़े नहीं।
अब ऊपर से देखिये। शायद समझ में न आये।
लग रहा है जैसे कोई तीन मंजिला तैरता हुआ बंगला हो।
जी हाँ, यह तैरता हुआ बंगला ही तो है जिसके आँगन में काउच बिछे हैं धूप सेकने के लिए। यदि धूप तेज हो या बारिस आ जाये तो बरामदे में भी लेटा जा सकता है।
अब चलते हैं इसके अन्दर।
ये रहा डाइनिंग हॉल जहाँ काफी लोग एक साथ बैठकर खाना खा सकते हैं,समुद्र में तैरते हुए।
बेडरूम और संलग्न बाथरूम देखकर तो ज़रूर कुछ कुछ हो रहा होगा।
एक ड्राइंग रूम नीचे , एक ऊपर।
बीच में सीढियां। डुप्ले या ट्रिप्ले !
अंत में बाहर निकलकर आँगन में लेटकर, बैठकर, खड़े होकर या टहलकर आप समुद्री यात्रा का आनंद ले सकते हैं।
लेकिन तब जब कोई आपको यहाँ आने का निमंत्रण दे।
अब ज़रा सोचिये, देश में ऐसा कौन है जिसने यह यौट खरीदा है ! सिफारिश तो उसके बाद ही लग पायेगी।
मंगलवार, 16 अक्टूबर 2012
रंगों की बारात --
विश्व के विभिन्न देशों से लिए गए कुछ मनोहारी चित्र
फ्लोरिडा में सूर्यास्त के बाद एक दुर्लभ दृश्य -- फायर रेनबो क्लाउड
जेनेवा स्विट्जर्लेंड में दो नदियों का संगम
सूर्यास्त का अद्भुत दृश्य
आयरिश स्काई गार्डन क्रेटर
रूस में बर्फ में बनी एक सुरंग रौशनी में .
जयपुर के निकट आभानेरी गाँव में चाँद बावरी
विश्व का सबसे गहरा स्टेप्वेल
नोट : सभी चित्र साभार इ मेल से प्राप्त .
शनिवार, 29 सितंबर 2012
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