रविवार, 8 नवंबर 2009

दिल्ली दर्शन ---भाग ४,---- इंडिया गेट

लुटियन्स दिल्ली का पहला पड़ाव -- राष्ट्रपति भवन के आगे , विजय चौक से लेकर इंडिया गेट तक करीब दो किलोमीटर लंबा राजपथ , जिस पर हर साल आप देखते है २६ जनवरी की परेड।

वर्ष के प्रत्येक दिन ये क्षेत्र पर्यटकों से भरा रहता है। आइये सैर करते हैं, इंडिया गेट के लौंस की।



प्रष्ठ भूमि में दिखाई दे रहा है , राष्ट्रपति भवन।

इंडिया गेट के पास ट्रैफिक बंद कर दिया गया है, जिससे की पर्यटकों को कोई असुविधा न हो।

इंडिया गेट पास से।

ये है , अमर जवान ज्योति। यहीं पर १४ अगस्त १९४७ की रात को ठीक १२ बजे प्रथम प्रधान मंत्री श्री जवाहर लाल नेहरू ने भारत का झंडा लगाया था और ज्योति प्रज्वलित की थी।


अब इंडिया गेट आए हैं और बोटिंग न करें, ऐसा कैसे हो सकता है। इन रंग बिरंगी बोट्स को देखकर आप बिना बोटिंग किए जा ही नही पाएंगे।

इंडिया गेट के चारों ओ़र हरे भरे लौंस --- यहीं पर पिकनिक मनाते मनाते हम और हमारे बच्चे बड़े हुए हैं।

तो भई , कैसा रहा ये सफर, बताइयेगा ज़रूर।